वरिष्ठ पत्रकार अभिलाष खांडेकर हुए सम्मानित, बिना इतिहास जाने हम वर्तमान के लिये कुछ नहीं कर सकते, विचित्र कुमार सिंहा स्मृति सम्मान समारोह में विधानसभा अध्यक्ष ने कहा
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बिना इतिहास जाने हम वर्तमान के लिये कुछ नहीं कर सकते हैं। यह कहना है मप्र के विधानसभा अध्यक्ष श्री गिरीश गौतम का। वह विचित्र कुमार सिंहा स्मृति सम्मान 2022 समारोह में बतौर मुख्यअतिथि संबोधित कर रहे थे। इस अवसर पर पूर्व विधानसभा अध्यक्षद्वय डॉ सीतारशरण शर्मा व एनपी प्रजापति के साथ चिकित्साशिक्षा मंत्री विश्वास सारंग प्रमुख रूप से मौजूद थे। इस दौरान कर्मठ राजनीतिज्ञ के रूप में डा.सीतासरन शर्मा सहित कई विशिष्ट हस्तियों को सम्मानित किया गया।
राज्य पशुपालन प्रशिक्षण संस्थान में आयोजित इस कार्यक्रम में उद्बोधन देते हुए श्री गौतम ने यहां स्व. विचित्र कुमार सिंहा के व्यक्तित्व व कृतित्व को याद करते हुए कहा कि उनकी पहचान एक स्वतंत्रता संग्राम सेनानी के रूप में है। भले ही वह साहित्यकार, राजनेता, कवि-कथाकार व समाजसेवक भी थे। यह इसलिये भी जरूरी है कि यदि हमें भविष्य के लिये कुछ करना है तो अपने इतिहास को याद रखना पड़ेगा। यहां स्वतंत्रता की लड़ाई के चार अहम भागों की चर्चा करते हुए कहा कि गणतंत्र से पहले देश की जनता में आजादी की ललक अहम रही है। इसके बाद स्वतंत्रता के लिये संघर्ष और लोकतंत्र की स्थापना महत्वपूर्ण है। बावजूद इसके बड़ी मुश्किलों से मिली गणतंत्र की यह व्यवस्था सबसे ज्यादा खतरे में है। इसका आंकलन तभी होगा जबकि हम सब अपने अतीत को याद रखेंगे। अक्सर सवालों के घेरे में रहने वाली धर्म आधारित राजनीति को लेकर यहां उन्होंने स्पष्ट किया कि धर्म की तो कोई नीति होनी ही चाहिये। धर्म आधारित नीति का अदाय हो, इसमें कोई दिक्कत नहीं होनी चाहिये। तुलसीदास जी की चौपाई परहित सरिस धर्म नहीं भाई के हवाले से उन्होंने कहा परहित से बड़ा कोई धर्म नहीं हो सकता है। इसी के आधार पर सबको चलना भी चाहिये।
यह किये गये सम्मानित
इस कार्यक्रम मे कर्मठ राजनीतिज्ञ रूप मे पूर्व विधानसभा अध्यक्ष व विधायक डॉ.सीतासरन शर्मा, पत्रकारिता के लिये अभिलाष खांडेकर और स्वतंत्रता संग्राम सेनानी श्रीमति चन्द्रावति सिंह का सम्मान किया गया।